उत्तराखंड का गौरव : हिमांशु दरमोड़ा को मिला बिस्मिल्लाह ख़ाँ युवा पुरस्कार 2025

मोहित नेगी/रुद्रप्रयाग/देहरादून। उत्तराखंड के प्रतिभाशाली संगीत साधक हिमांशु दरमोड़ा को संगीत के क्षेत्र में उनके समग्र योगदान के लिए वर्ष 2025 के प्रतिष्ठित ‘उस्ताद बिस्मिल्लाह ख़ाँ युवा पुरस्कार’ से सम्मानित किए जाने पर हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएँ।



हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत की समृद्ध परंपरा से जुड़े हिमांशु ने जयपुर घराने के प्रख्यात ग़ज़ल कलाकार पद्मश्री अहमद एवं मोहम्मद हुसैन से संगीत की शिक्षा प्राप्त की तथा ग्वालियर घराने के श्री राजीव मराठे के मार्गदर्शन में अपनी संगीत साधना को निखारा। श्री विजय भट्ट से वाद्य संगीत का प्रशिक्षण प्राप्त कर उन्होंने अपनी कलात्मक यात्रा को और समृद्ध किया।
दूरदर्शन एवं आकाशवाणी के ग्रेडेड कलाकार होने के साथ-साथ, देहरादून की संस्था कलाश्रय के अध्यक्ष के रूप में भारतीय संगीत, नृत्य एवं चित्रकला के संरक्षण और संवर्धन में उनका योगदान उल्लेखनीय है।
संगीत के अतिरिक्त साहित्य एवं शोध के क्षेत्र में भी उनकी सक्रियता प्रेरणादायी है। Spectrum of Women Empowerment पुस्तक के लेखक और विभिन्न शोध पत्रिकाओं में प्रकाशित लेखों के माध्यम से उन्होंने अपनी बहुआयामी प्रतिभा का परिचय दिया है। राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज (RIMC), देहरादून में संगीत प्रशिक्षक के रूप में भी उन्होंने अपनी सेवाएँ दी हैं।
जग ओम स्मृति सम्मान, श्रृंखला श्री सम्मान, यंग वॉइस ऑफ भीमसेन जोशी पुरस्कार और अभिरंग नाट्य अकादमी पुरस्कार जैसे सम्मानों से अलंकृत हिमांशु जी की यह उपलब्धि उनकी निरंतर साधना, समर्पण और संगीत के प्रति प्रतिबद्धता का सम्मान है।
यह उपलब्धि हम सब के लिए और समूचे उत्तराखंड के सांस्कृतिक एवं संगीत जगत के लिए गर्व का विषय है।



